योगी सरकार की बदले की कार्रवाईः रिहाई से पहले डॉ कफील खान पर लगाया एनएसए

Must Read

भीम आर्मी के भारत बंद का देश के कई राज्यों में पड़ा व्यापक असर

पैगाम ब्यूरोः आरक्षण, सीएए, एनआरसी और एनपीआर के मुद्दे पर आज भीम आर्मी ने भारत बंद मनाया, जिसका देश...

सीएए के प्रदर्शनकारियों पर फिर बरसी यूपी पुलिस की लाठियां

पैगाम ब्यूरोः नागरिकता कानून (सीएए) का विरोध करने वालों पर यूपी पुलिस ने फिर से लाठियां बरसायी हैं. उत्तर...

दिल्ली में मिली शर्मनाक हार के कारण तलाश कर रही है बीजेपी

पैगाम ब्यूरोः दिल्ली में फिर से अरविंद केजरीवाल की सरकार बन चुकी है. बीजेपी का दिल्ली का वनवास खत्म...

पैगाम ब्यूरोः उत्तर प्रदेश की योगी सरकार को हर उस व्यक्ति से चिढ़ है, जो उसकी जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आवाज उठाता है. और अगर आवाज बुलंद करने वाला मुसलमान हो, तो फिर योगी सरकार की चिढ़ नफरत में बदल जाती है. जिसका नजारा कई बार देखने को मिला है. योगी सरकार पिछले काफी दिनों से गोरखपुर के उस डॉ. कफील खान के पीछे पड़ी हुई है, जिसने योगी के गढ़ गोरखपुर के अस्पताल में दम तोड़ने वाले बच्चों की जान बचाने में अपनी पूरी ताकत झोंक दी थी. इस घटना से योगी सरकार की जो जग-हंसाई हुई, उसका बदला उसने डॉ. कफील खान पर ढेरों मुकदमे दायर कर लिया है. कुछ दिन पहले उन्हें अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में भड़काऊ बयान देने के आरोप गिरफ्तार कर जेल में डाल दिया गया है. अभी वो जेल से निकले भी नहीं हैं कि अब योगी सरकार ने उनके खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है. उत्तर प्रदेश पुलिस और प्रशासन ने डॉ. कफील खान के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) के तहत कार्रवाई की है.
बता दें कि शुक्रवार को डॉ. कफील खान जमानत पर रिहा होने वाले थे, लेकिन उससे पहले ही योगी सरकार ने उनके खिलाफ एनएसए लगा दिया. जिसके फलस्वरुप उनकी मुश्किलें बढ़ गई हैं
डॉक्टर कफील खान पर 12 दिसंबर को अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में नागरिकता कानून के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन के दौरान भड़काऊ भाषण देने का आरोप है. इस आरोप में यूपी एसटीएफ ने डॉ. कफील को जनवरी में मुंबई से गिरफ्तार किया था. डॉ. कफील खान को गिरफ्तार करने के लिए यूपी एसटीएफ लगाने पर सवाल भी उठे थे.
पुलिस दावा कर रही है कि भड़काऊ भाषण देने के आरोप में डॉ. कफील को गिरफ्तार किया गया था. उनके खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया गया था. यूपी एसटीएफ द्वारा गिरफ्तार किए जाने के बाद डॉ. कफील खान ने कहा था कि मुझे गोरखपुर के बच्चों की मौत के मामले में क्लीन चिट दे दी गई थी. अब मुझको फिर से आरोपी बनाने की कोशिश की जा कर रही हैं. मैं महाराष्ट्र सरकार से अनुरोध करता हूं कि मुझे महाराष्ट्र में रहने दे. मुझे यूपी पुलिस पर भरोसा नहीं है.
डॉ. कफील खान फिलहाल मथुरा की जेल में बंद हैं. इस मामले में 10 फरवरी को सीजेएम कोर्ट ने डॉ. कफील खान को जमानत दे दी थी. कोर्ट ने 60,000 रुपये के दो बांड के साथ सशर्त जमानत दी थी. लेकिन जमानत मिलने के 4 दिन बाद भी उन्हें जेल से रिहा नहीं किया गया. जिसपर यह आरोप लगने लगा था कि योगी सरकार अदालत से भी बड़ी हो गयी है. अब जेल से रिहाई वाले दिन उनके खिलाफ एनएसए लगा देने से यह साफ हो गया है कि योगी सरकार उनसे बदला ले रही है.
राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (एनएसए) सरकार को किसी भी व्यक्ति को हिरासत में रखने की ताकत देता है. एनएसए लगाकर किसी भी व्यक्ति को एक साल तक जेल में रखा जा सकता है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest News

भीम आर्मी के भारत बंद का देश के कई राज्यों में पड़ा व्यापक असर

पैगाम ब्यूरोः आरक्षण, सीएए, एनआरसी और एनपीआर के मुद्दे पर आज भीम आर्मी ने भारत बंद मनाया, जिसका देश...

सीएए के प्रदर्शनकारियों पर फिर बरसी यूपी पुलिस की लाठियां

पैगाम ब्यूरोः नागरिकता कानून (सीएए) का विरोध करने वालों पर यूपी पुलिस ने फिर से लाठियां बरसायी हैं. उत्तर प्रदेश के अलगीढ़ में नागरिकता...

दिल्ली में मिली शर्मनाक हार के कारण तलाश कर रही है बीजेपी

पैगाम ब्यूरोः दिल्ली में फिर से अरविंद केजरीवाल की सरकार बन चुकी है. बीजेपी का दिल्ली का वनवास खत्म करने का सपना, सपना ही...

सोनभद्र से सोना निकलने की अफवाह पर शशि थरुर ने किया कटाक्षः कहा, सरकार बंद करे टन टना टन

पैगाम ब्यूरोः कांग्रेस के सीनियर नेता शशि थरुर ने उत्तर प्रदेश के सोनभद्र से हजारों टन सोना मिलने की बात अफवाह साबित होने पर...

प्रियंका ने लगाया आरोपः बीजेपी सरकार ने मोदी जी के दोस्तों के 8 लाख करोड़ कर्ज माफ कर दिये

पैगाम ब्यूरोः कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने बीजेपी सरकार पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पूंजीपति दोस्तों को मदद करने का आरोप लगाया है. प्रिंयका...

More Articles Like This