ममता ने 18 राज्यों के सीएम को लिखा पत्रः लॉकडाउन में फंसे बंगालियों को देखिये, हम आपके लोगों का रख रहे हैं ख्याल

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पैगाम ब्यूरोः लॉकडाउन से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. काफी लोग अपने घरों से सैकड़ों किलोमीटर दूरदराज के इलाकों में फंस गये हैं. वह अपने घर जाने के लिए इधर-उधर भटक रहे हैं. इनमें से कईयों के पास खाने-पीने तक के लिए कुछ नहीं है. काफी लोग स्टेशनों पर फंसे हुए हैं, क्योंकि सभी ट्रेनें बीच रास्ते में खड़ी हो गयी हैं. मुसीबत में फंसे ऐसे लोगों में पश्चिम बंगाल के भी हजारों लोग हैं. इस स्थिति को देखते हुए पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने लॉकडाउन में फंसे बंगालियों के लिए चिंता जाहिर की है और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए देश के 18 राज्यों के मुख्यमंत्रियों को पत्र लिखा है.

ममता बनर्जी ने तमिलनाडु, केरल, ओडिशा, तेलंगाना, महाराष्ट्र, कर्नाटक, हिमाचल प्रदेश, दिल्ली, उत्तराखंड, झारखंड, बिहार, दिल्ली, राजस्थान, गुजरात, गोवा, आंध्र प्रदेश, उत्तर प्रदेश और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्रियों को पत्र लिखा है.

अपने पत्र में ममता बनर्जी ने देश के 18 राज्यों के मुख्यमंत्रियों से लॉकडाउन में फंसे बंगालियों की देखरेख करने, खाने-पीने की व्यवस्था करने और छत मुहैया कराने की अपील की है. उन्होंने कहा है कि बंगाल में दूसरे राज्यों के जो भी लोग फंसे हुए हैं, पश्चिम बंगाल सरकार उनकी देखभाल करेगी.

मुख्यमंत्रियों के नाम अपने पत्र में ममता बनर्जी ने कहा है कि बंगाल के कामकाजी लोग देश के अलग-अलग हिस्सों में हैं. लॉकडाउन के चलते वह अपने घर वापस नहीं आ सके और अलग-अलग जगहों पर फंस गये हैं. हमें ऐसी खबर मिली हैं कि बंगाल के रहने वाले कई श्रमिक आपके राज्यों में भी फंस गए हैं. वे 50 से 100 के ग्रुप में हैं और स्थानीय प्रशासन द्वारा आसानी से चिंहित किये जा सकते हैं.

ममता बनर्जी ने कहा कि लॉकडाउन की वजह से हमारा उनकी मदद के लिए पहुंच पाना मुमकि नहीं है. इसलिए मैं आपसे अनुरोध करती हूं कि अपने प्रशासन को इस संकट की घड़ी में ऐसे लोगों को खाना, छत और मेडिकल सुविधा मुहैया कराने को कहें. उन्होंने कहा कि मैं भी बंगाल में फंसे आपके लोगों की देखभाल कर रही हूं और उन्हें बुनियादी जरूरतें मुहैया करा रही हूं.

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